Surender Kalyan Butana सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना'
सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना' हिंदी एवं हरियाणवी साहित्य के सक्रिय और संवेदनशील रचनाकार हैं। उनका जन्म 21 जून 1995 को हरियाणा के करनाल जनपद स्थित ग्राम बुटाना में हुआ। ग्रामीण परिवेश में पले-बढ़े होने के कारण उनकी रचनाओं में गाँव, किसान, श्रमिक, सामाजिक परिवर्तन, मानवीय संबंध, समय, संघर्ष और आम आदमी के जीवन की गहरी छाप दिखाई देती है।
उनकी लेखनी का मूल केंद्र मनुष्य और समाज है। वे साहित्य को केवल भावाभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि समाज की चेतना, स्मृति और अनुभवों के दस्तावेज़ के रूप में देखते हैं। उनकी रचनाएँ सरल भाषा में गहरे सामाजिक और मानवीय प्रश्नों को उठाती हैं।
साहित्यिक यात्रा : सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना' ने साहित्यिक लेखन की शुरुआत सामाजिक सरोकारों और मानवीय अनुभवों को अभिव्यक्त करने के उद्देश्य से की। समय के साथ उनकी कविताएँ और कहानियाँ विभिन्न साहित्यिक मंचों पर प्रकाशित होती रहीं।
वर्ष 2016 में उनकी कविता "एक नज़र" बहुजन पत्रिका में प्रकाशित हुई, जिसमें सामाजिक समानता और दलित चेतना का प्रभावशाली चित्रण था। इसी रचना के लिए उन्हें भारतीय दलित साहित्य अकादमी सम्मान प्राप्त हुआ।
प्रकाशित पुस्तकें :
1. 'प्रतिज्ञा दोस्ताना' (गज़ब दोस्ताना) विधा : हिंदी कहानी। यह कृति मित्रता, विश्वास, मानवीय मूल्यों और जीवन-संघर्षों पर आधारित है। यह सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना' की प्रारंभिक प्रकाशित पुस्तकों में से एक है।
2. 'समाज' विधा: हरियाणवी कविता संग्रह : यह संग्रह हरियाणा के ग्रामीण जीवन, सामाजिक यथार्थ, लोक-संस्कृति, बदलते सामाजिक मूल्यों तथा मानवीय संबंधों पर आधारित कविताओं का संकलन है।
प्रमुख प्रकाशन : सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना' की रचनाएँ विभिन्न साहित्यिक मंचों एवं पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुकी हैं।
मंचीय सहभागिता : सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना' ने करनाल तथा हरियाणा के विभिन्न साहित्यिक एवं काव्य मंचों पर सक्रिय रूप से काव्य-पाठ किया है। उनकी साहित्यिक गतिविधियों और मंचीय प्रस्तुतियों के प्रमाण उनके सोशल मीडिया मंचों पर उपलब्ध हैं।
साहित्यिक दृष्टि : सुरेंद्र कल्याण 'बुटाना' का मानना है कि साहित्य केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि समाज और मनुष्य को समझने का माध्यम है। उनकी लेखनी सामाजिक चेतना, मानवीय संवेदना और जीवन के यथार्थ को अभिव्यक्त करने का सतत प्रयास करती है।
सम्मान : भारतीय दलित साहित्य अकादमी सम्मान (2016); कविता: "एक नज़र"
वर्तमान लेखन : वर्तमान में वे हिंदी एवं हरियाणवी साहित्य में कविता, कहानी तथा सामाजिक विषयों पर निरंतर लेखन कर रहे हैं। उनकी रचनाएँ मनुष्य, समाज और समय के संबंधों को समझने और अभिव्यक्त करने का प्रयास हैं।
संपर्क :मोबाइल: 8708889653
ईमेल: surenderkalyan007@gmail.com
निवास: करनाल, हरियाणा, भारत