Krishan Betab कृष्ण बेताब

कृष्ण बेताब (1 अगस्त 1933 - 24 अप्रैल 2026) का जन्म ननिहाल मसूरी (उत्तराखंड) में पिता सेठ हरप्रसाद शिवहरे और माता श्रीमति कृपा देवी के घर हुआ। आपने 1980 से 1989 तक बच्चों के लिए 'बाल विदिअक जोत' मैगज़ीन का संपादन किया।

आपको शैक्षिक क्षेत्र में राज्य स्तरीय और राष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है। आप उर्दू और पंजाबी जगत में एक कहानीकार के तौर पर विशेष ख्याति प्राप्त हैं। आपकी उर्दू रचनाओं में 'लम्हों की दासतां', 'दर्द की फ़सल' और 'शोलों पे बर्फबारी' शामिल हैं। पंजाबी में 'सूरज सलाम करदा है', 'केसर दी ख़ुशबू', 'नायक बण गया खलनायक', 'लहू दा दरिया', 'पत्ती पत्ती', 'बन्द मुट्ठी दी चीख़', 'सूरज दा सफ़र' (आत्मकथा) और 'इतिहास रियासत-ए-जींद' आपकी प्रमुख कृतियाँ हैं।

कृष्ण बेताब - साहित्यकार