पूर्णिमा वर्मन
Purnima Varman
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पूर्णिमा वर्मन

पूर्णिमा वर्मन (जन्म २७ जून १९५५-) का जन्म पीलीभीत, उत्तर प्रदेश मे हुआ । उनकी शिक्षा, संस्कृत साहित्य में स्नातकोत्तर उपाधि, स्वातंत्र्योत्तर संस्कृत साहित्य पर शोध, पत्रकारिता और वेब डिज़ायनिंग में डिप्लोमा है । वह जाल-पत्रिका अभिव्यक्ति और अनुभूति की संपादक हैं। उन्होंने प्रवासी तथा विदेशी हिंदी लेखकों को प्रकाशित करने तथा अभिव्यक्ति में उन्हें एक साझा मंच प्रदान करने का महत्वपूर्ण काम किया है। वेब पर हिंदी को लोकप्रिय बनाने के अपने प्रयत्नों के लिए उन्हें २००६ में भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद, साहित्य अकादमी तथा अक्षरम के संयुक्त अलंकरण अक्षरम प्रवासी मीडिया सम्मान, २००८ में रायपुर छत्तीसगढ़ की संस्था सृजन सम्मान द्वारा हिंदी गौरव सम्मान, दिल्ली की संस्था जयजयवंती द्वारा जयजयवंती सम्मान तथा केन्द्रीय हिन्दी संस्थान के पद्मभूषण डॉ॰ मोटूरि सत्यनारायण पुरस्कार से विभूषित किया जा चुका है। उनके तीन कविता संग्रह "पूर्वा", "वक्त के साथ" और "चोंच में आकाश" नाम से प्रकाशित हुए हैं। संप्रति शारजाह, संयुक्त अरब इमारात में निवास करने वाली पूर्णिमा वर्मन हिंदी के अंतरराष्ट्रीय विकास के अनेक कार्यों से जुड़ी हुई हैं।

पूर्णिमा वर्मन हिन्दी कविता

आओ मिल कर दीप जलाएँ
आवारा दिन
एक गीत और कहो
एक दीपक
एक दीप मेरा
कोयलिया बोली
खोया खोया मन
चोंच में आकाश
झरती हुई नीम
तितलियों के दल
ताड़ों की क्या बात
दिया
पलाश गमलों में
बाग वाला दिन
मंदिर दियना बार
माया में मन
स्वर्ण हिरण
 
 
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