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अयोध्यासिंह उपाध्याय 'हरिऔध'
Ayodhya Singh Upadhyay ‘Hariaudh'
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Phool Patte Ayodhya Singh Upadhyay ‘Hariaudh'

फूल पत्ते अयोध्यासिंह उपाध्याय 'हरिऔध'

भूमिका-फूल पत्ते
अपने दुखड़े-1
अपने दुखड़े-2
आँखों का तारा
आँसू-1
आँसुओं की माला
उठी आँखें
उड़ती छींटें
उलाहने
एक भिखारी
कलपता कलेजा
कली
कड़वा घूँट
कसकते काँटे
कसौटी
कामना
काला दिल
किसी का स्वागत
कोकिल
खिली कली
चाहत के चोचले
चेतावनी
छल
जी की कचट
टूटे तार
डाँट डपट
ताड़ झाड़
दिल
दिल का छाला
दिल का दर्द
दिल के फफोले-1
दिल के फफोले-2
दुखता दिल
दुखदर्द
दुख दर्द
दुखड़े
देखने वाली आँखें
देख भाल
दो बूँद
नशा
निजता
निराले नाते
नोक झोंक
प्यार के पचड़े
प्यार के लिए प्यार
पपीहे की पिहक
प्रबोध
पागल
पार है
पी कहाँ
फूल-1
फूल-2
फूल-3
फूल-पत्ते
बटोही
बिखरे फूल
बेतुकी बातें-1
भिखारिणी
भेद की बातें
मतवाला
मन का मोल
मनमाना
मसोस
मातम
मिटना
मुँह काला
मोती के दाने
वह फूल
लाल
लेखनी
हँसते फूल
हँसी
 
 
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